
एन्ड्रू और जो कह रहे हैं कि खुशी सस्टेनबल होनी चाहिए. कैसे? अपने आस-पास उपजा अन्न खाओ. बड़ी खुशी मिलती है. फासिल फ्यूल (पेट्रोल आदि) के कारण ऐसी सुविधा मिल गयी है कि आदमी अपने आस-पास का अन्न खाना भूल ही गया है. The fact that fast food and ready meals have gone up in [...]
December 15, 2008 | Posted in
बात करामात |
Read More »

और क्या कहें? मतदान जरा शिष्ट शब्द है. थोड़ा विशिष्ट लगता है लेकिन वोटदान में क्या बुराई है? थोड़ा असहज लगता है लेकिन दोनों का अर्थ तो एक ही है. आपको कुछ देकर आना है. और देने का नियम यह है कि आप दान करने के बाद कुछ भी अपेक्षा मत करिए. दान करने के [...]
November 29, 2008 | Posted in
बात करामात |
Read More »

जो लोग जानते होंगे वे जानते होंगे कि राम मंदिर आंदोलन के दौरान विश्व हिन्दू परिषद ने राम मंदिर के ईंटों को प्रदर्शित करके करोड़ों रूपये इकट्ठा किये थे. वे पैसे कहां हैं कोई नहीं जानता. कोई पूछता भी नहीं है कि वे पैसे कहां हैं. एक बार लोगों ने सवाल उठाया था तो विहिप [...]
November 24, 2008 | Posted in
बात करामात |
Read More »

यह कोई नयी खबर नहीं है. माईकल जैक्सन ने इस्लाम धर्म कबूल कर लिया है. खबर तो यह है कि उन्होंने इस्लाम धर्म कबूल क्यों किया? यह कोई नयी अफवाह नहीं है कि माईकल जैक्शन इस्लाम धर्म कबूल कर सकते हैं. आमतौर पर जैसा होता है पश्चिम की सेलेब्रिटी बिना प्रोपोगण्डा किये कोई काम नहीं [...]
November 22, 2008 | Posted in
बात करामात |
Read More »

यह मेरे लिए व्यक्तिगत रूप से आश्चर्य और खुशी दोनों की बात है. क्या कोई एक व्यक्ति किसी एक साईट के ही विभिन्न लेखों पर १८ कमेन्ट एक ही दिन में कर सकता है? उम्मेद सिंह बैद साधक ने यह काम आज ७ नवंबर को विस्फोट पर किया है. मानों कोई आधा दिन लगाकर वे [...]
November 7, 2008 | Posted in
बात करामात |
Read More »