
एक नदी हमारे लिए क्यों जरूरी है? वह मनुष्य और प्रकृति को किस प्रकार समृद्ध बनाती है? इससे पहले कि आप कुछ और सोचें दिल्ली विकास प्राधिकरण की सोच जान लीजिए. एक नदी इसलिए जरूरी है क्योंकि उस पर पुल और फ्लाईओवर बनाये जा सकते हैं. उसके पाटों को पाटकर भूखंडों की नीलामी की जा [...]
August 31, 2007 | Posted in
बात करामात |
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जब आप कंम्प्यूटर खरीदते हैं तब आप क्या केवल कंम्प्यूटर ही खरीदते हैं? जी नहीं. जब आप कम्प्यूटर खरीदते हैं तो आप कैंसर, किडनी फेलियर, फेफड़े की बीमारी, बांझपन का खतरा, याददाश्त की कमी और कुछ जटिल मानसिक बीमारियों को भी खरीदते हैं. जब आप कंम्प्यूटर पर काम करते हैं तो आप केवल कंम्प्यूटर पर [...]
August 29, 2007 | Posted in
बात करामात |
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एसएस नार्वे जहाज का नाम आपने भले न सुना हो लेकिन इसी जाहज के छद्म नाम “ब्लू-लेडी” को आपने जरूर सुना होगा. अलंग के बारे में भी जानते होंगे. पुराने जहाजों को तोड़ने की सबसे बड़ी मंडी. गुजरात के फलते-फूलते स्क्रैप उद्योग का आधारस्तंभ. लगभग सालभर से यह जहाज अलंग के इसी तट से दूर [...]
July 27, 2007 | Posted in
बात करामात |
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दिल्ली मेट्रो के कार्यकारी निदेशक ई श्रीधरन के लिए यह गर्व की बात है कि उन्होंने दिल्ली को वह पवित्र गाय दे दी है जिस पर कोई सवाल नहीं उठा सकता. न कानून, न प्रशासन और न ही मीडिया. यह दिल्ली की चरमराई जन-परिवहन प्रणाली ही है कि श्रीधरन जो कुछ करते हैं उसका आंख-मूंदकर [...]
July 15, 2007 | Posted in
बात करामात |
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दिल्ली में पिछले चार दिनों से गर्मी का तांडव चल रहा है. तापमान नापने वाले मौसम विशेषज्ञ कह रहे हैं अभी ये हालात कुछ दिनों तक और बने रहेंगे. डिग्री सेल्सियस के पैमाने पर गर्मी कितनी है यह मैंने नहीं देखा है लेकिन बदन को छूकर बहनेवाली हवा आग के थपेड़े की तरह चीर रही [...]
June 9, 2007 | Posted in
बात करामात |
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